* चंदवारा में पंचायत प्रतिनिधियों की बैठक, विभिन्न मांगों को लेकर 2 जुलाई को जिला मुख्यालय पर होगा प्रदर्शन
Chandwara : प्रखंड मुख्यालय स्थित सभागार में मंगलवार को पंचायत प्रतिनिधियों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मुखिया संघ के जिला अध्यक्ष श्यामदेव यादव ने की। इसमें प्रखंड प्रमुख मंजू देवी, जिला परिषद सदस्य महादेव राम सहित बड़ी संख्या में पंचायत प्रतिनिधि शामिल हुए।
बैठक में पंचायत प्रतिनिधियों ने कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की। प्रतिनिधियों ने आरोप लगाया कि जिले के कई मुखियाओं को नियमों के विरुद्ध निलंबित किया जा रहा है तथा उनकी वित्तीय शक्तियां सीज की जा रही हैं। इसके अलावा प्रधानमंत्री आवास योजना के लाभुकों के चयन में विभागीय स्तर पर तैयार की गई त्रुटिपूर्ण सूची को ग्राम सभा से अनुमोदित कराने की प्रक्रिया पर भी चिंता जताई गई।
बैठक में अबुआ आवास योजना के लाभुकों के बकाया भुगतान को जल्द जारी करने, मंईयां सम्मान योजना का पोर्टल खोलकर छूटे हुए लाभुकों का नाम जोड़ने एवं त्रुटियों में सुधार करने तथा पंचायत प्रतिनिधियों को पेंशन सुविधा देने की मांग उठाई गई।
इन मांगों को लेकर सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि आगामी 2 जुलाई को जिला मुख्यालय में विशाल प्रदर्शन किया जाएगा। पंचायत प्रतिनिधियों ने जिले के सभी जनप्रतिनिधियों और आम लोगों से बड़ी संख्या में कार्यक्रम में शामिल होने की अपील की।
जिला परिषद सदस्य महादेव राम ने कहा कि सरकार पंचायत प्रतिनिधियों की समस्याओं के समाधान के बजाय उन्हें लगातार परेशान कर रही है।
वहीं मुखिया संघ के जिला अध्यक्ष श्यामदेव यादव ने आरोप लगाया कि पंचायत राज व्यवस्था को मजबूत करने के बजाय उसे कमजोर किया जा रहा है।
बैठक में प्रमुख प्रतिनिधि विजय मोदी, उप प्रमुख प्रतिनिधि विजेंद्र यादव, मुखिया संतोष कुमार कुशवाहा, रामदेव यादव, बीरेंद्र यादव, असगर अंसारी, मुखिया प्रतिनिधि मुंशी यादव, रामलखन यादव, धीरज कुमार, संजय दास, उप मुखिया सुरेंद्र यादव, पंचायत समिति सदस्य गूंजा कुमारी, प्रतिनिधि कपिलदेव यादव समेत कई लोग उपस्थित थे।
विधायक जयराम महतो के खिलाफ निंदा प्रस्ताव पारित
बैठक के दौरान पंचायत प्रतिनिधियों ने डुमरी विधायक जयराम महतो के खिलाफ निंदा प्रस्ताव भी पारित किया। प्रतिनिधियों ने आरोप लगाया कि हाल ही में उरवां पंचायत के मुखिया मनोज पासवान के साथ विधायक द्वारा किया गया व्यवहार जनप्रतिनिधियों की गरिमा के अनुरूप नहीं था।
मुखिया संघ के जिला अध्यक्ष श्यामदेव यादव और जिला परिषद सदस्य महादेव राम ने कहा कि मुखिया भी जनता द्वारा चुने गए जनप्रतिनिधि होते हैं और उनके साथ सम्मानजनक व्यवहार किया जाना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि बातचीत के दौरान विधायक ने उत्तेजित होकर आपत्तिजनक शब्दों का प्रयोग किया, जो दुर्भाग्यपूर्ण है।
पंचायत प्रतिनिधियों ने घटना की निंदा करते हुए प्रस्ताव पारित किया और विधायक से अपने व्यवहार में सुधार लाने की अपील की। बताया गया कि यह मामला उरवां निवासी दशरथ यादव हत्याकांड के बाद मृतक के परिजनों से मुलाकात के दौरान हुई बातचीत से जुड़ा है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यह मुद्दा चर्चा में आया था।
बैठक में प्रतिनिधियों ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में सभी निर्वाचित जनप्रतिनिधियों का सम्मान बनाए रखना आवश्यक है।