Hormuz Strait : होर्मुज स्ट्रेट में तनाव एक बार फिर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। सोमवार रात ईरान ने संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के दो तेल टैंकरों पर कथित तौर पर क्रूज मिसाइलों से हमला किया। इस हमले में एक भारतीय नाविक की मौत हो गई, जबकि आठ अन्य चालक दल के सदस्य घायल हो गए। घायलों में चार की हालत गंभीर बताई जा रही है।
UAE के रक्षा मंत्रालय के अनुसार, ओमान की समुद्री सीमा के भीतर होर्मुज स्ट्रेट की दक्षिणी शिपिंग लेन से गुजर रहे ‘मोम्बासा’ और ‘अल बहिया’ नामक तेल टैंकरों को दो क्रूज मिसाइलों से निशाना बनाया गया। मिसाइल हमले के बाद दोनों जहाजों में आग लग गई, हालांकि समय रहते आग पर काबू पा लिया गया।
‘मोम्बासा’ टैंकर पर सवार भारतीय की मौत
रक्षा मंत्रालय ने पुष्टि की कि ‘मोम्बासा’ टैंकर पर तैनात एक भारतीय क्रू सदस्य की इस हमले में मौत हो गई। इसके अलावा छह भारतीय और दो यूक्रेनी नागरिक घायल हुए हैं। सभी घायलों का इलाज जारी है और चार की हालत गंभीर बताई जा रही है।
UAE ने कहा- अंतरराष्ट्रीय कानून का गंभीर उल्लंघन
हमले के बाद UAE ने कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए इसे अंतरराष्ट्रीय कानून और समुद्री सुरक्षा का गंभीर उल्लंघन बताया। देश ने स्पष्ट किया कि वह इस घटना के जवाब में उचित कार्रवाई करने का अपना अधिकार सुरक्षित रखता है।
भारतीय नागरिक की मौत पर जताई संवेदना
UAE के विदेश मंत्रालय (MoFA) ने हमले की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए भारतीय नागरिक की मौत पर भारत सरकार और भारतीय जनता के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की। मंत्रालय ने कहा कि यह हमला संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव 2817 का खुला उल्लंघन है और क्षेत्र में सभी सैन्य गतिविधियों को तत्काल रोकने की आवश्यकता है।
होर्मुज स्ट्रेट को तत्काल खोलने की मांग
UAE ने ईरान से बिना किसी शर्त के होर्मुज स्ट्रेट को पूरी तरह खोलने और सभी शत्रुतापूर्ण गतिविधियां तुरंत बंद करने की मांग की। मंत्रालय का कहना है कि इस रणनीतिक जलमार्ग की सुरक्षा वैश्विक व्यापार, ऊर्जा आपूर्ति और क्षेत्रीय स्थिरता के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
अमेरिका-ईरान तनाव और बढ़ा
यह हमला ऐसे समय हुआ है जब होर्मुज स्ट्रेट को लेकर अमेरिका और ईरान के बीच तनाव चरम पर है। रिपोर्टों के अनुसार, IRGC द्वारा जलमार्ग पर प्रतिबंध लगाए जाने के बाद अमेरिका ने ईरान में कई सैन्य ठिकानों पर जवाबी कार्रवाई की है।
इसी बीच अमेरिका ने घोषणा की है कि वह ईरानी बंदरगाहों से आने-जाने वाले समुद्री यातायात पर फिर से नाकेबंदी लागू करेगा। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि यह कार्रवाई केवल ईरान और उससे व्यापार करने वाले जहाजों पर लागू होगी, जबकि अन्य देशों के जहाजों को होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने की अनुमति दी जाएगी।