Delhi Stray Dog Shelter: देश की सर्वोच्च अदालत ने सोमवार को सरकार नगर निकायों और दिल्ली-एनसीआर के प्राधिकारियों को निर्देश दिया था कि वे आवारा कुत्तों को सड़कों से हटाकर आश्रय स्थलों में स्थानांतरित करें। अब सवाल यह है कि क्या सुप्रीम कोर्ट का ये आदेश आसानी से लागू हो भी पाएगा या नहीं, क्योंकि राजधानी में हजारों आवारा कुत्तों को रखने के लिए सरकार के पास बुनियादी ढांचे का अभाव है।
राजधानी दिल्ली को आवारा कुत्ता मुक्त करने के सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर मेनका गांधी ने कहा कि ..केवल दिल्ली को आवारा कुत्ता मुक्त करने के लिए 15 हजार करोड़ ₹ चाहिए होगा।
मुझे पता नहीं, यह आंकड़ा मेनका गांधी ने कहां से उठाया? पर एक बात तो तय है गौ पूजक हिन्दू समाज की आस्था को लेकर शीर्ष कोर्ट और हिन्दू समाज की भावनाएं निर्जीव हैं।
किसी भी राज्य की सरकार, भले वह भाजपा की हो, जबरिया निराश्रित कर दिए गए गौ के बसेरे का प्रश्न कभी नहीं उठाया।ना कहा, …आज भी कानूनन गौचर भूमि पर कब्जा अवैध है, खाली किया जाए। यह काम मात्र एक आदेश से संभव है। क्योंकि मौजूदा कानून भी सामुदायिक भूमि पर स्थायी स्वामित्व नहीं देता।
