Oscars 2025: प्रियंका चोपड़ा और गुनीत मोंगा समर्थित अनुजा 97वें अकादमी पुरस्कारों में आई एम नॉट ए रोबोट से सर्वश्रेष्ठ लाइव-एक्शन शॉर्ट का पुरस्कार हार गईं. इसमें अन्य नॉमनी एलियन, द लास्ट रेंजर, और ए मैन हू विल नॉट रिमेन साइलेंट थे। इसके साथ ही साल 2025 में ऑस्कर जीतने का भारत का सपना टूट गया है.
ऑस्कर विनर पर हर कोई अपनी नजरें जमाए हुए है. अमेरिका के लॉस एंजेलिस में ऑस्कर के विनर की अनाउंसमेंट की जा रही है. अलग-अलग कैटेगरी में विनर के नाम की घोषणा हो रही है. लेकिन ऑस्कर जीतने का भारत का सपना टूट गया है. साल 2023 में ‘द एलिफेंट विस्परर्स’ के लिए ऑस्कर अवॉर्ड जीतने वालीं इंडियन फिल्म प्रोड्यूसर गुनीत मोंगा की फिल्म ‘अनुजा’ ऑस्कर के लिए नॉमिनेट हुई थी. इस फिल्म को लाइव एक्शन शॉर्ट मूवी कैटेगरी में शामिल किया गया था. लेकिन अब ये फिल्म हार गई है. ‘अनुजा’ को फिल्म आई एम नॉट ए रोबोट से हार का सामना करना पड़ा है.
गुनीत मोंगा के अलावा ‘अनुजा’ से एक्ट्रेस प्रियंका चोपड़ा का भी कनेक्शन है. एक भारतीय-अमेरिकन फिल्म ‘अनुजा’ की प्रियंका चोपड़ा एग्जीक्यूटिव प्रोड्यूसर हैं और ये एक दिल्ली की 9 साल की लड़की की कहानी है. इस फिल्म का डायरेक्शन एडम जे ग्रेव्स ने किया है. इस शॉर्ट फिल्म की कहानी को 9 साल की बच्ची के इर्द गिर्द रखा गया है. ये 9 साल की बच्ची अपनी बड़ी बहन के साथ एक फैक्ट्री में काम करती है. बच्ची अपनी पढ़ाई के बीच काम करने पर मजबूर हो जाती है.
कहानी में दिखाया गया है कि 9 साल की बच्ची को बोर्डिंग स्कूल में पढ़ने का सुनहरा मौका मिलता है. लेकिन कहानी में दिलचस्प मोड़ तब आता है, जब बच्ची एक ऐसा फैसला लेती है, जो उनकी और उनकी बहन की जिंदगी को बदलकर रख देता है. इस बच्ची का किरदार सजदा पठान ने निभाया है. सजदा को साल 2023 में आई फीचर फिल्म द ब्रेड में भी देखा गया है.
बता दें, फिल्म को एडम जे ग्रेव्स डायरेक्ट किया है. एडम भले ही विदेश में पले बढ़ें हो, लेकिन बीए और पीएचडी के बाद एडम ने भारत का रुख किया. यहां वो काफी वक्त तक बनारस में रहे. यहीं बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी से संस्कृत की पढ़ाई एडम ने की.
बता दें, फिल्म को एडम जे ग्रेव्स डायरेक्ट किया है. एडम भले ही विदेश में पले बढ़ें हो. लेकिन बीए और पीएचडी के बाद एडम ने भारत का रुख किया. यहां वो काफी वक्त तक बनारस में रहे. यहीं बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी से संस्कृत की पढ़ाई एडम ने की.
