Ranchi : झारखंड की राजधानी रांची में इन दिनों बदमाश अपना हुलिया बदलकर घूम रहे हैं। इन्हें ध्यान से देखने पर आपको पहली नजर में लग जाएगा कि ये छंटे हुए बदमाश हैं। लेकिन कुछ लोग इनके झांसे में आ जाते हैं। इनके पास नरकंकाल होता है। उसे अपने झोले से निकालकर डराते हैं। उसके बाद लोगों से उनके जेवर और पैसे ठग लेते हैं। रांची पुलिस ने आम लोगों से इनसे बचकर रहने की सलाह दी है। ये राह चलती किसी गाड़ी को रोक लेते हैं। उसके बाद उन्हें ठग लेते हैं।
इसका खुलासा तब हुआ जब अनगड़ा थाना क्षेत्र के रिंग रोड में 23 मार्च की दोपहर स्वर्णरेखा पुल के पास स्वर्णरेखा होटल के नजदीक नागा साधुओं के द्वारा एक चार पहिया वाहन को रोक कर ठगी की गई थी। ठगी करने के बाद सभी साधु वहां से फरार हो गए थे। कार सवार से कैश और सोने की अंगूठी छीन ली गई थी। इसकी शिकायत अनगड़ा थाने में की गई थी। जिसके बाद जिले के एसएसपी चंदन कुमार सिन्हा के निर्देश पर सिटी एसपी और ग्रामीण एसपी के नेतृत्व में छापेमारी दल का गठन किया गया और उन अपराधियों की खोजबीन शुरू की गई।
दरअसल, साधु का हुलिया बनाए इन लोगों ने पीड़ित गंगाधर चौधरी को रिंग रोड में तुरुप के पास स्वर्णरेखा होटल के समीप रोका था। नागा साधु के वेश में छह ठग खड़े थे और पीड़ित के गाड़ी को रुकवाया गया। गाड़ी रोकने पर उन लोगों के द्वारा 5000 रुपये और सोने की एक अंगूठी छीन ली। फिर सभी साधु वहां से फरार हो गए। जिसको लेकर अनगड़ा थाने में मामला दर्ज कराया गया।आखिरकार अपराधी करण नाथ, वीर नाथ, रजत नाथ, अंशु नाथ,सोनिक नाथ और अथय नाथ को गिरफ्तार कर लिया गया। इनके पास से लूटे गए कैश, एक चांदी का चैन, चांदी की अंगूठी, मोती माला, ब्रेसलेट, पीतल की अंगूठी, एक नर कंकाल की खोपड़ी लाल धागा लगा हुआ बरामद किया गया है।