Union Budget 2026 : Budget 2026 पेश करते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार ने जब से सत्ता संभाली है तब से यह सुनिश्चित किया है कि सरकार के हर काम से नागरिकों को फायदा हो। वित्त मंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने रोजगार पैदा करने, कृषि उत्पादकता और परिवारों की क्रय शक्ति बढ़ाने के लिए सुधार किए गए हैं। निर्मला सीतारमण ने कहा कि इन उपायों से लगभग 7 फीसदी की उच्च विकास दर हासिल हुई है।
वैश्विक चुनौतियों के बीच ‘विकसित भारत’ का संकल्प- वित्त मंत्री
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, ‘आज हम एक ऐसे बाहरी वातावरण का सामना कर रहे हैं जिसमें व्यापार और बहुपक्षवाद खतरे में हैं, और संसाधनों व आपूर्ति श्रृंखलाओं में बाधाएं आ रही हैं। नई तकनीकें उत्पादन प्रणालियों को बदल रही हैं, जबकि पानी, ऊर्जा और महत्वपूर्ण खनिजों की मांग तेजी से बढ़ रही है। भारत महत्वाकांक्षा और समावेशिता के बीच संतुलन बनाते हुए, ‘विकसित भारत’ की ओर अपने आत्मविश्वासपूर्ण कदम बढ़ाना जारी रखेगा। एक बढ़ती हुई अर्थव्यवस्था के रूप में, जिसकी व्यापारिक और पूंजीगत जरूरतें विस्तार ले रही हैं, भारत को वैश्विक बाजारों के साथ गहराई से जुड़े रहना चाहिए, अधिक निर्यात करना चाहिए और स्थिर, दीर्घकालिक निवेश को आकर्षित करना चाहिए।’
देश में चलेंगी 7 हाई स्पीड ट्रेनें
बजट में देश को हाई स्पीड ट्रेन कॉरोडोर की सौगात मिली है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि शहरों के बीच सात हाई स्पीड ट्रेन चलेंगी। इसमें पुणे-मुंबई, पुणे-हैदराबाद, हैदराबाद-बेंगलुरु, हैदराबाद-चेन्नई, चेन्नई-बेंगलुरु, दिल्ली-वाराणसी और वाराणसी-सिलिगुड़ी शामिल हैं।
7 हाईस्पीड रेल कॉरिडोर बनाए जाएंगे
- मुंबई-पुणे
- पुणे-हैदराबाद
- हैदराबाद-चेन्नई
- हैदराबाद-बेंगलुरु
- चेन्नई-बेंगलुरु
- दिल्ली-वाराणसी
- वाराणसी-सिलीगुड़ी
4 राज्यों में बनेंगे समर्पित ‘रेयर-अर्थ कॉरिडोर’
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, ‘रेयर अर्थ स्थायी चुम्बकों के लिए एक योजना 2025 में शुरू की गई थी। अब हम खनिज संपन्न राज्यों- ओडिशा, केरल, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु को समर्पित ‘रेयर-अर्थ कॉरिडोर’ स्थापित करने में सहायता देने का प्रस्ताव करते हैं।’
खेलकूद के सामान सस्ते होंगे: वित्त मंत्री
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने ऐलान किया कि खेलकूद के सामान सस्ते होंगे। गांवों के लिए बड़ी स्कीम का ऐलान किया। महात्मा गांधी स्वरोजगार का ऐलान, SME के लिए 10 हजार करोड़ रुपये का ऐलान। इससे खिलाड़ियों को मदद मिलेगी। बच्चों का खेलकूद की तरफ रुझान बढ़ेगा।
केरल, तमिलनाडु में नया माइनिंग कॉरिडोर- वित्त मंत्री
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि 2 हाईटेक टूल रूम बनेंगे। केरल, तमिलनाडु में नया माइनिंग कॉरिडोर बनेंगे। साथ ही, कपड़ा सेक्टर के लिए नई स्कीम का ऐलान किया। आर्थिक विकास को गति देने और उसे बनाए रखने के लिए, मैं छह क्षेत्रों में हस्तक्षेप का प्रस्ताव करती हूं – 7 रणनीतिक क्षेत्रों में मैन्यूफेक्चरिंग को बढ़ाना; पुराने औद्योगिक क्षेत्रों का कायाकल्प करना; MSMEs को ‘चैंपियन’ बनाना; बुनियादी ढांचे को गति देना; दीर्घकालिक सुरक्षा और स्थिरता सुनिश्चित करना; और शहरी आर्थिक क्षेत्रों का विकास करना।
इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन 2.0 का शुभारंभ, 40 हजार करोड़ मंजूर
- भारतीय IP डिजाइन और सप्लाई चेन को मजबूत करने पर फोकस।
- उद्योग आधारित अनुसंधान और प्रशिक्षण केंद्र स्थापित होंगे।
- इलेक्ट्रॉनिक्स घटक विनिर्माण योजना में लक्ष्य से पहले दोगुना निवेश।
- इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण योजना का परिव्यय बढ़ाकर 40,000 करोड़ रुपये।
कार्गो ले जाने के लिए फ्रेट कॉरिडोर बनाएंगे
- 5 लाख से ज्यादा आबादी वाले टियर-2 और 3 के शहरों के डेवलपमेंट के लिए 11.2 लाख करोड़ का आवंटन किया गया है। 2026-27 में इसे बढ़ाकर 12.2 लाख करोड़ करेंगे।
- प्राइवेट डेवलपर्स को इन्फ्रास्ट्रक्चर रिस्क गारंटी फंड बनाया गया है। इसमें सरकार पार्शियल गारंटी देगी।
- रियल एस्टेट के रिसाइक्लिंग के लिए योजना है।
- कार्गो ले जाने के लिए डेडिकेटेंड फ्रेट कॉरिडोर बनाया जाएगा। पूर्व में दंकुनी से पश्चिम में सूरत तक पोर्ट को जोड़ने के लिए भी स्कीम है।
- वाटरवेज का इस्तेमाल करने के लिए ट्रेनिंग – वाराणसी और पटना को डेवलप करके इंटरनल वाटरवेज को डेवलप किया जाएगा।
ग्रामीण विकास और खेल उद्योग
- महात्मा गांधी ग्राम स्वराज योजना का प्रस्ताव।
- एक जिला-एक उत्पाद को बढ़ावा, ग्रामीण युवाओं को फायदा।
- भारत के सस्ते खेल सामान के वैश्विक केंद्र के रूप में उभरने की संभावना।
इंफ्रास्ट्रक्चर पर रिकॉर्ड खर्च
- 2026-27 में पूंजीगत खर्च 12.2 लाख करोड़ रुपये।
- टियर-2 और टियर-3 शहरों में इंफ्रा मजबूती पर जोर।
- 5 लाख से अधिक आबादी वाले शहरों में इंफ्रा विकास जारी।
- आंशिक लोन गारंटी के लिए इंफ्रा रिस्क गारंटी फंड।
- समर्पित REITs से रियल एस्टेट परिसंपत्तियों की रीसाइक्लिंग।
बायोफार्मा में भारत बनेगा ग्लोबल हब
- भारत को वैश्विक बायोफार्मा विनिर्माण केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा।
- अगले 5 वर्षों में 10,000 करोड़ रुपये के परिव्यय से ‘बायोफार्मा शक्ति’ योजना।
- बायोलॉजिक्स और बायोसिमिलर के घरेलू उत्पादन को बढ़ावा।
- केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (CDSCO) को मजबूत करने का प्रस्ताव।
MSME पर बड़ा दांव, चैंपियन बनाने की तैयारी
बजट में पहले कर्तव्य के तहत चैंपियन MSME के निर्माण पर जोर दिया गया।
- केंद्र और राज्यों के साथ मिलकर उच्च स्तरीय समितियों का गठन।
- 200 विरासत औद्योगिक क्लस्टरों को पुनर्जीवित करने की योजना।
- MSME के लिए 10,000 करोड़ रुपये की SME विकास निधि का प्रस्ताव।
- आत्मनिर्भर भारत निधि में 2,000 करोड़ रुपये का टॉप-अप।
बजट 2026 की बड़ी घोषणाएं
इलेक्ट्रॉनिक्स पर जोर: मोबाइल और अन्य इलेक्ट्रॉनिक्स के कलपुर्जे बनाने के लिए बजट बढ़ाकर 40,000 करोड़ रुपए कर दिया गया है।
बजट में पहले कर्तव्य के तहत चैंपियन MSME के निर्माण पर जोर दिया गया।
नया मालगाड़ी रास्ता: पश्चिम बंगाल के डानकुनी के लिए एक नए फ्रेट कॉरिडोर का ऐलान किया गया है।
इंफ्रा पर बड़ा खर्च: अगले वित्त वर्ष (2026-27) के लिए 12.2 लाख करोड़ रुपए का कैपेक्स (पूंजीगत खर्च) तय किया गया है। यह पिछले साल के 11.2 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा है।
रेयर अर्थ कॉरिडोर: केरल, तमिलनाडु और ओडिशा में दुर्लभ खनिजों के लिए विशेष कॉरिडोर बनाए जाएंगे। इसमें आंध्र प्रदेश को भी जोड़ा जाएगा ताकि खनिज संपन्न राज्यों को फायदा मिले।
टेक्सटाइल सेक्टर: देश में बड़े टेक्सटाइल पार्क्स बनाए जाएंगे।
दवाइयों के क्षेत्र में ‘शक्ति’: 10,000 करोड़ रुपए के निवेश के साथ ‘बायो-फार्मा शक्ति’ योजना शुरू होगी, जिसके तहत तीन नए संस्थान खुलेंगे।
चिप मैन्युफैक्चरिंग: भारत अपना सेमीकंडक्टर मिशन ISM 2.0 लॉन्च करेगा।
- केंद्र और राज्यों के साथ मिलकर उच्च स्तरीय समितियों का गठन।
- 200 विरासत औद्योगिक क्लस्टरों को पुनर्जीवित करने की योजना।
- MSME के लिए 10,000 करोड़ रुपये की SME विकास निधि का प्रस्ताव।
- आत्मनिर्भर भारत निधि में 2,000 करोड़ रुपये का टॉप-अप।
बजट 2026 की बड़ी घोषणाएं
- नया मालगाड़ी रास्ता: पश्चिम बंगाल के डानकुनी के लिए एक नए फ्रेट कॉरिडोर का ऐलान किया गया है।
- इंफ्रा पर बड़ा खर्च: अगले वित्त वर्ष (2026-27) के लिए 12.2 लाख करोड़ रुपए का कैपेक्स (पूंजीगत खर्च) तय किया गया है। यह पिछले साल के 11.2 लाख करोड़ रुपए से ज्यादा है।
- रेयर अर्थ कॉरिडोर: केरल, तमिलनाडु और ओडिशा में दुर्लभ खनिजों के लिए विशेष कॉरिडोर बनाए जाएंगे। इसमें आंध्र प्रदेश को भी जोड़ा जाएगा ताकि खनिज संपन्न राज्यों को फायदा मिले।
- टेक्सटाइल सेक्टर: देश में बड़े टेक्सटाइल पार्क्स बनाए जाएंगे।
- दवाइयों के क्षेत्र में ‘शक्ति’: 10,000 करोड़ रुपए के निवेश के साथ ‘बायो-फार्मा शक्ति’ योजना शुरू होगी, जिसके तहत तीन नए संस्थान खुलेंगे।
- चिप मैन्युफैक्चरिंग: भारत अपना सेमीकंडक्टर मिशन ISM 2.0 लॉन्च करेगा।
- इलेक्ट्रॉनिक्स पर जोर: मोबाइल और अन्य इलेक्ट्रॉनिक्स के कलपुर्जे बनाने के लिए बजट बढ़ाकर 40,000 करोड़ रुपए कर दिया गया है।
