11 गेंदों में फिफ्टी, 29 गेंदों में 94 रन… वैभव सूर्यवंशी ने बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड
Vaibhav Suryavanshi : भारत ए और श्रीलंका ए के बीच रंगिरी दांबुला अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में खेले जा रहे ट्राई सीरीज के फाइनल में 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी ने ऐसी विस्फोटक बल्लेबाजी की, जिसने क्रिकेट इतिहास के पन्नों में नया अध्याय जोड़ दिया। युवा सलामी बल्लेबाज ने महज 29 गेंदों पर 94 रनों की तूफानी पारी खेलते हुए लिस्ट ए क्रिकेट का नया विश्व रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया।
वैभव ने सिर्फ 11 गेंदों में अर्धशतक पूरा कर लिस्ट ए क्रिकेट के इतिहास का सबसे तेज अर्धशतक जड़ दिया। इससे पहले यह रिकॉर्ड श्रीलंका के कौशल्या वीररत्ने के नाम था, जिन्होंने 2005-06 में 12 गेंदों पर फिफ्टी बनाई थी। वैभव ने न सिर्फ यह विश्व रिकॉर्ड तोड़ा, बल्कि भारत की ओर से सरफराज खान के 15 गेंदों में अर्धशतक के रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ दिया।
324 के स्ट्राइक रेट से मचाया कहर
वैभव ने 29 गेंदों की अपनी पारी में 324.13 के स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी करते हुए 10 चौके और 8 गगनचुंबी छक्के लगाए। उनकी आक्रामक बल्लेबाजी के सामने श्रीलंका ए के गेंदबाज पूरी तरह बेबस नजर आए। हालांकि वह शतक से महज 6 रन दूर रह गए, लेकिन अपनी विस्फोटक पारी से उन्होंने भारत ए को फाइनल में शानदार शुरुआत दिला दी।
पहले विकेट के लिए 132 रन की साझेदारी
वैभव ने प्रियांश आर्या के साथ पहले विकेट के लिए सिर्फ 8.5 ओवर में 132 रन जोड़कर मैच का रुख शुरुआती ओवरों में ही भारत के पक्ष में मोड़ दिया। उनकी धुआंधार बल्लेबाजी की बदौलत भारत ए ने सिर्फ 6.3 ओवर में 100 रन पूरे कर लिए, जो फाइनल जैसे बड़े मुकाबले में बेहद खास उपलब्धि रही।
एक ओवर में 26 रन, गेंदबाजों पर बरपा कहर
पारी के दूसरे ओवर में वैभव ने श्रीलंका के तेज गेंदबाज शिराज पर जमकर हमला बोला। उन्होंने इस ओवर में तीन छक्के और दो चौकों की मदद से कुल 26 रन बटोर लिए। इसके बाद श्रीलंकाई गेंदबाजों के पास उनकी आक्रामक बल्लेबाजी का कोई जवाब नहीं था।
कम उम्र में लगातार बना रहे हैं रिकॉर्ड
15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी का यह प्रदर्शन इसलिए भी खास है क्योंकि ट्राई सीरीज के शुरुआती मुकाबलों में वह बड़ी पारी नहीं खेल सके थे। लेकिन फाइनल जैसे सबसे बड़े मंच पर उन्होंने शानदार वापसी करते हुए अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा दिया।
वैभव ने साल 2024 में लिस्ट ए क्रिकेट में डेब्यू किया था। अब तक खेले 12 लिस्ट ए मुकाबलों में उन्होंने कई प्रभावशाली पारियां खेली हैं। बिहार की ओर से खेलते हुए वह 190 रनों की यादगार पारी भी खेल चुके हैं। दांबुला में खेली गई यह 94 रनों की विस्फोटक पारी उनके करियर की सबसे चर्चित पारियों में शामिल हो गई है और भारतीय क्रिकेट को भविष्य का एक बड़ा सितारा मिलने का संकेत भी देती है।