Paytm : रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने पेटीएम पेमेंट्स बैंक लिमिटेड (Paytm Payments Bank) के खिलाफ बड़ा सख्त रुख अपनाया है. RBI ने पेमेंट्स बैंक का लाइसेंस रद्द कर दिया है. रिजर्व बैंक ने बैंकिंग रेगुलेशन एक्ट, 1949 की धारा 22(4) के तहत मिली पावर का इस्तेमाल करते हुए यह बड़ा फैसला लिया.
RBI ने इस फैसले के पीछे बैंक के लाइसेंस की शर्तों का पालन करने में विफल रहने को माना. RBI की ओर से कहा गया कि Paytm पेमेंट्स बैंक का ऑपरेशन जारी रहता तो सार्वजनिक हित और डिपॉजिटर्स के हितों को नुकसान हो सकता था. RBI ने कहा कि बैंक ने अपने लाइसेंस से संबंधित जरूरी नियमों का पालन नहीं किया.
बंद हो सकता है Paytm Payments Bank
केंद्रीय बैंक ने Paytm के कामकाज में कई खामियां पाईं. RBI का कहना है कि Paytm पेमेंट्स बैंक बैंकिंग रेगुलेशन एक्ट की धारा 22 (3) के विभिन्न प्रावधानों का अनुपालन नहीं कर रहा था.
रिजर्व बैंक आगे की कार्रवाई करते हुए इस बैंक को बंद करने की प्रक्रिया शुरू करने के लिए हाई कोर्ट में आवेदन भी करेगा.
इससे पहले 11 मार्च 2022 को Paytm बैंक पर एक्शन लेते हुए नए ग्राहकों को जोड़ने से रोका था. इसके दो साल बाद 2024 की शुरुआत में डिपॉजिट और क्रेडिट पर भी प्रतिबंध लागू किए थे और अब 24 अप्रैल 2026 को Paytm पेमेंट्स बैंक के ऑपरेशन पर रोक लगा दी. ये आदेश तुरंत प्रभाव से लागू होगा. केंद्रीय बैंक ने साफ किया कि अब यह बैंक किसी भी तरह की बैंकिंग सेवाएं नहीं दे सकेगा और इसे बंद करने (वाइंडिंग अप) के लिए हाई कोर्ट में आवेदन किया जाएगा.
क्या डूब जाएंगे ग्राहकों के पैसे?
अब पेटीएम पेमेंट्स बैंक लिमिटेड को तुरंत प्रभाव से बैंकिंग का कोई भी काम करने की अनुमति नहीं है, जैसा कि एक्ट की धारा 5(बी) और 6 में बताया गया है. हालांकि, केंद्रीय बैंक ने यह भरोसा दिलाया कि बैंक के पास इतना पैसा (लिक्विडिटी) है कि वह अपने सभी ग्राहकों की जमा राशि लौटा सकता है. आरबीआई के अनुसार, बैंक को जारी रखने से न तो कोई फायदा होगा और न ही यह जनता के हित में है. RBI ने कहा कि बैंक ने अपने लाइसेंस की शर्तों का पालन नहीं किया, जिससे बैंकिंग रेगुलेशन एक्ट के नियमों का उल्लंघन हुआ.