Vande Mataram : ​’वंदे मातरम्’ पर रार… कंगना का कांग्रेस पर तीखा वार, बोलीं— “विरोध अब सिर्फ BJP का नहीं, देश का हो रहा है”

Bindash Bol

Vande Mataram : ‘वंदे मातरम्’ के गायन को लेकर छिड़ा सियासी घमासान अब और तेज हो गया है। कांग्रेस मुख्यालय में स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रगीत के पूरे गायन को कथित तौर पर रोके जाने के मामले पर भाजपा सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत ने कड़ा रुख अपनाया है। कंगना ने कांग्रेस शीर्ष नेतृत्व को निशाने पर लेते हुए सीधा हमला बोला और कहा कि पार्टी का विरोध अब केवल भारतीय जनता पार्टी तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह देश विरोध की दिशा में बढ़ चुका है।

“वंदे मातरम् भारत की चेतना है”— कंगना रनौत

​कंगना रनौत ने इस पूरे विवाद पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा…

​”वंदे मातरम् भारत की आत्मा और राष्ट्रीय चेतना का प्रतीक है। एक कलाकार होने के नाते मैं बखूबी जानती हूँ कि कला, संगीत और कविता जनमानस पर कितना गहरा प्रभाव छोड़ते हैं। ऐसे में इस पावन गीत के प्रति उपेक्षा या इसे रोकने की कोशिश बेहद चिंताजनक और दुर्भाग्यपूर्ण है।”

​कंगना ने दो टूक शब्दों में कहा कि कांग्रेस का रवैया यह साफ दर्शाता है कि राजनीतिक द्वेष में पार्टी अब राष्ट्र के प्रतीकों का भी अनादर करने से नहीं हिचक रही है।

क्या है पूरा विवाद?

* ​कार्यक्रम: स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर कांग्रेस मुख्यालय ‘इंदिरा भवन’ में ध्वजारोहण कार्यक्रम आयोजित था।

* ​घटनाक्रम: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा तिरंगा फहराए जाने के बाद गायकों के दल ने ‘वंदे मातरम्’ गाना शुरू किया।

* ​विवाद की वजह: पार्टी की योजना कथित तौर पर केवल पहले दो अंतरे गाने की थी, लेकिन गायकों ने पूरा गीत गाना जारी रखा।

* ​आरोप: आरोप है कि इसी दौरान कांग्रेस संसदीय दल की अध्यक्ष सोनिया गांधी ने इस पर आपत्ति जताई, पार्टी अध्यक्ष को इशारा किया और गायकों को बीच में ही गायन रोकने के लिए कहा।

“चुनौतियों से निपटने के लिए BJP पूरी तरह तैयार”

​कंगना ने इस मौके पर पार्टी की मजबूती और संगठन का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि देश के सामने खड़ी चुनौतियों का मुकाबला करने के लिए भाजपा पूरी मजबूती से काम कर रही है।

​मुंबई प्रवास का उल्लेख करते हुए उन्होंने सिद्धिविनायक मंदिर और अन्य धार्मिक स्थलों को मुंबई का ‘रक्षक’ बताया और कहा कि जब भी वे वहां जाती हैं, उन्हें एक नई ऊर्जा और आशीर्वाद की अनुभूति होती है।

TAGGED:
Share This Article
Leave a Comment