Sawan Somwar 2026:देवघर: पवित्र सावन मास की अंतिम सोमवारी के साथ ही विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंच चुका है। अंतिम सोमवारी के पावन अवसर पर द्वादश ज्योतिर्लिंगों में प्रमुख बाबा बैद्यनाथ के दरबार में करीब 3 लाख से अधिक श्रद्धालुओं के जलार्पण करने का अनुमान है। रविवार से ही बिहार सीमा और देवघर के मुख्य मार्गों पर कांवरियों की कतारें लगनी शुरू हो गई थीं। भीड़ के दबाव को नियंत्रित करने के लिए प्रशासन ने रविवार दोपहर से ही श्रद्धालुओं को सुलभ जलार्पण कराने की रणनीति पर अमल शुरू कर दिया है।

प्रशासनिक मोर्चा: डीसी और एसपी ने संभाली कमान
चुनौतीपूर्ण भीड़ प्रबंधन को देखते हुए उपायुक्त (डीसी) और पुलिस अधीक्षक (एसपी) ने मोर्चा संभाल लिया है…
- ड्यूटी पर तैनात बलों की ब्रीफिंग: दोनों वरिष्ठ अधिकारियों ने संयुक्त बैठक कर तैनात पुलिस और प्रशासनिक कर्मियों का मनोबल बढ़ाया और ‘जीरो एरर’ के साथ ड्यूटी करने के निर्देश दिए।
- सुरक्षा एवं कतार प्रबंधन: एसपी ने विशेष सुरक्षा बैठक में मंदिर परिसर, मुख्य मार्गों और होल्डिंग एरिया में सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाए रखने के सख्त आदेश दिए।
फुटओवर ब्रिज पर नई QRT तैनात, अब कुल 27 टीमें एक्टिव
कतार और भीड़ नियंत्रण को निर्बाध बनाए रखने के लिए क्विक रिस्पांस टीम (QRT) का दायरा और बढ़ा दिया एक्टिव….
- नई QRT का गठन: तीसरी सोमवारी के अनुभव को देखते हुए क्यू-कॉम्प्लेक्स और फुटओवर ब्रिज पर व्यवस्था सुचारू रखने के लिए एक नई QRT तैनात की गई है।
- 27 QRT मुस्तैद: मेले की शुरुआत में 22 टीमें थीं, जिसे पहली सोमवारी के बाद बढ़ाकर 26 किया गया था। अब 27 टीमें जलार्पण व्यवस्था, कतार प्रबंधन और श्रद्धालुओं की सुरक्षित निकासी सुनिश्चित कर रही हैं।
- बाह्य अरघा की मॉनिटरिंग: बाह्य अरघा में जलार्पण को तेज और सुरक्षित बनाने के लिए जसीडीह थाना प्रभारी के नेतृत्व वाली विशेष टीमें लगातार सक्रिय हैं।
उमस और गर्मी से निपटने के पुख्ता इंतजाम
तीखी धूप और उमस को देखते हुए श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं…
- पेयजल की निर्बाध आपूर्ति: पूरे कतार मार्ग और क्यू-कॉम्प्लेक्स में शुद्ध पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था की गई है।
- वाटर स्प्रिंकलर से राहत: लंबी कतारों में घंटों खड़े कांवरियों को राहत देने के लिए जगह-जगह पानी के छिड़काव की व्यवस्था की गई है।
