24 घंटे में दूसरी बार अमेरिका का ईरान पर बड़ा हमला, ट्रंप बोले- नहीं रुका तो…
Donald Trump : मिडिल ईस्ट में एक बार फिर हालात तेजी से बदलते नजर आ रहे हैं. कुछ ही समय पहले अमेरिका और ईरान के बीच युद्धविराम को लेकर उम्मीद जगी थी कि क्षेत्र में शांति लौट सकती है, लेकिन अब ताजा घटनाक्रम ने इस उम्मीद को बड़ा झटका दिया है. अमेरिका ने 24 घंटे के भीतर दूसरी बार ईरान के सैन्य ठिकानों पर एयर स्ट्राइक की है. इस कार्रवाई के बाद दोनों देशों के बीच तनाव फिर से बढ़ने लगा है और पूरी दुनिया की नजर इस घटनाक्रम पर टिक गई है.
अमेरिका ने किन ठिकानों को बनाया निशाना?
अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निर्देश पर अमेरिकी सेना ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के पास मौजूद ईरानी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया. इस ऑपरेशन में मिलिट्री सर्विलांस सिस्टम, कम्युनिकेशन नेटवर्क, एयर डिफेंस साइट्स, ड्रोन स्टोरेज सेंटर और समुद्री बारूदी सुरंग बिछाने से जुड़ी क्षमताओं पर हमला किया गया. अमेरिका का दावा है कि इन ठिकानों का इस्तेमाल सैन्य गतिविधियों के लिए किया जा रहा था.
सिरिक शहर में गूंजे धमाके
हमले के बाद ईरान के दक्षिणी शहर सिरिक के आसपास धमाकों की आवाज सुनाई दी. ईरान के सरकारी मीडिया IRIB ने सैन्य सूत्रों के हवाले से बताया कि कई प्रोजेक्टाइल एक दूरसंचार टावर से टकराए. हालांकि, नुकसान कितना हुआ और कितनी जगहों को निशाना बनाया गया, इसकी आधिकारिक जानकारी अभी सामने नहीं आई है. इससे पहले भी शुक्रवार को अमेरिका ने ईरान के भीतर कई सैन्य ठिकानों पर हमला किया था.
युद्धविराम पर फिर खड़े हुए सवाल
सबसे बड़ी बात यह है कि हाल ही में दोनों देशों के बीच युद्धविराम पर सहमति बनी थी. ऐसे में लगातार दो दिनों तक हुई अमेरिकी सैन्य कार्रवाई ने इस समझौते के भविष्य पर सवाल खड़े कर दिए हैं. अंतरराष्ट्रीय मामलों के जानकारों का मानना है कि अगर यही स्थिति बनी रही तो पूरे मिडिल ईस्ट में अस्थिरता और बढ़ सकती है.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर ईरान पर हमला करने की धमकी दी है. उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर ईरान को सीधे तौर पर तबाह करने की चेतावनी दी है. ट्रंप ने जानकारी दी कि अमेरिका के विमानों ने ईरान के मिसाइल और ड्रोन ठिकानों के साथ-साथ तटीय रडार साइटों पर हमला किया है.
तेल टैंकर पर हमले का दिया जवाब
अमेरिका का आरोप है कि ईरान ने शनिवार तड़के पनामा के झंडे वाले तेल टैंकर M/T Kiku पर वन-वे अटैक ड्रोन से हमला किया. यह टैंकर करीब 20 लाख बैरल कच्चा तेल लेकर होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर रहा था. अमेरिकी सेना का कहना है कि यही हमला ताजा एयर स्ट्राइक की सबसे बड़ी वजह बना. इससे पहले भी 25 जून को सिंगापुर के झंडे वाले मालवाहक जहाज M/V Ever Lovely पर हुए ड्रोन हमले के जवाब में अमेरिका ने कार्रवाई की थी.