Operation Sindoor : भारत के सैन्य इतिहास में 2025 का ऑपरेशन सिंदूर वह क्षण बन गया है जिसने आर्मी, एयरफोर्स और नेवी—तीनों को एक साथ अभूतपूर्व गौरव दिलाया। इस अभियान की सफलता ने भारत की सुरक्षा और सैन्य नेतृत्व को वैश्विक स्तर पर ऊंचाई दी।
वरिष्ठता क्रम में पांच वायु सैनिक हैं…
● वाइस चीफ ऑफ एयर स्टाफ एयर मार्शल नर्नदेश्वर तिवारी
● एयर ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ एयर मार्शल बी चंद्रशेखर
● एयर मार्शल नागेश कपूर (AOC-in-C सदर्न एयर कमांड)
● वेस्टर्न एयर कमांडर एयर मार्शल जीतेंद्र मिश्रा
● डीजी एयर ऑपरेशंस एयर मार्शल अवधेश भारती
वायु सेना ने पाकिस्तान के भीतर आतंकी व सैन्य ठिकानों को ध्वस्त किया और 6 पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों को गिराकर युद्ध में महत्वपूर्ण मोड़ लाया।
भारतीय थल सेना के दो सैनिकों को यह पुरस्कार दिया जा रहा है।
● वाइस चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ (VCOAS) लेफ्टिनेंट जनरल राजीव घई
● जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ (GOC-in-C) नॉर्दर्न कमांड लेफ्टिनेंट जनरल प्रतीक शर्मा
उनके निर्णायक सैन्य संचालन, रणनीतिक योजना और सैनिकों के मनोबल को ऊंचा रखने का अद्भुत प्रदर्शन।
सीमाओं की सुरक्षा और आतंकियों के ठिकानों पर निर्णायक कार्रवाई से ‘सर्वोत्तम युद्ध सेवा मेडल’ प्राप्त किया।
भारतीय नौसेना के रणबांकुरे नाविक जिन्हें सम्मान मिला…
● वाइस एडमिरल संजय जसजित सिंह (सेवानिवृत्त), वेस्टर्न नेवल कमांड
समुद्री सीमा की रक्षा और संयुक्त सैन्य सहयोग में बेजोड़ भूमिका के लिए सर्वोच्च सम्मान मिला।
‘सर्वोत्तम युद्ध सेवा मेडल’ सम्मान युद्ध, संकट और सैन्य अभियानों के दौरान अभूतपूर्व नेतृत्व, साहस और रणनीति के प्रतीक है।
2025 में पहली बार तीनों सेनाओं के शीर्ष अधिकारियों को यह सम्मिलित रूप से दिया गया, इन नेताओं ने युद्धकालीन धैर्य, टेक्नोलॉजी और संयुक्त कार्रवाई का सर्वोत्तम प्रदर्शन कर भारत को निर्णायक विजय दिलाई।