Commonwealth Games 2026: कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत के मुक्केबाजों ने कारगिल विजय दिवस पर ऐसा प्रदर्शन किया, जिसने हर भारतीय का सीना गर्व से चौड़ा कर दिया। भारतीय सेना के जवान और बॉक्सर जादुमणि सिंह ने पाकिस्तान के रहमान को 5-0 से एकतरफा शिकस्त देकर क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई। यह जीत सिर्फ एक मुकाबला नहीं, बल्कि देशभक्ति, जज्बे और तिरंगे की शान का प्रतीक बन गई।
रिंग में पाकिस्तान पर भारत का पंच, रहमान को 5-0 से किया ध्वस्त
पुरुषों के 55 किलोग्राम वर्ग के राउंड ऑफ-16 मुकाबले में जादुमणि सिंह ने शुरुआत से ही पाकिस्तानी बॉक्सर रहमान पर दबाव बनाए रखा। पहले राउंड में बढ़त लेने के बाद दूसरे और तीसरे राउंड में उन्होंने ऐसा दबदबा बनाया कि पांचों जजों ने सर्वसम्मति से भारत के पक्ष में फैसला सुनाया। पाकिस्तान के मुक्केबाज को वापसी का एक भी मौका नहीं मिला।
‘भारत माता की जय’ से गूंजा स्टेडियम, होम ग्राउंड जैसा मिला माहौल
मुकाबला शुरू होने से पहले ही एसईसी सेंटर तिरंगे के रंग में रंग चुका था। हर तरफ ‘भारत माता की जय’, ‘वंदे मातरम्’ और ‘इंडिया-इंडिया’ के नारे गूंज रहे थे। विदेशी धरती पर भी माहौल ऐसा था मानो मुकाबला भारत में ही खेला जा रहा हो। भारतीय समर्थकों का जोश जादुमणि सिंह के मुक्कों में साफ दिखाई दिया।
कारगिल के वीरों को समर्पित की ऐतिहासिक जीत
जीत के बाद जादुमणि सिंह ने कहा, “मैं यह जीत कारगिल के शहीदों और वीर सैनिकों को समर्पित करता हूं। अब मेरा लक्ष्य भारत के लिए गोल्ड मेडल जीतना है।”
कारगिल विजय दिवस (26 जुलाई) पर आई इस जीत ने पूरे देश के लिए इस पल को और भी यादगार बना दिया।
प्रीति ने भी दिखाया दम, RSC से दर्ज की धमाकेदार जीत
महिलाओं के 54 किलोग्राम वर्ग में भारतीय बॉक्सर प्रीति ने मलावी की डेबरा मिटेंजे को दूसरे राउंड में रेफरी स्टॉप्स कॉन्टेस्ट (RSC) के जरिए हराकर क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली। उनके सटीक पंचों के सामने विरोधी दो बार नॉकडाउन हुईं और रेफरी को मुकाबला रोकना पड़ा। अब 28 जुलाई को उनका मुकाबला नॉर्दर्न आयरलैंड की निकोल क्लाइड से होगा।
भारत की झोली में गोल्ड और सिल्वर भी
बॉक्सिंग के अलावा भारत ने वेटलिफ्टिंग में भी शानदार प्रदर्शन किया।
* मीराबाई चानू ने महिलाओं के 48 किग्रा वर्ग में गोल्ड जीतकर कॉमनवेल्थ गेम्स में गोल्ड मेडल की हैट्रिक पूरी की।
* ऋषिकांत सिंह चनंबम ने पुरुषों के 60 किग्रा वर्ग में सिल्वर मेडल जीतकर भारत की पदक तालिका मजबूत की।